एंटीवायरस लेते समय ये फीचर्स चेक करना ना भूलें

266 0

कई कंप्यूटर यूजर्स हैं जो वायरस इन्फेक्टेड सिस्टम से परेशान रहते हैं । कभी स्लो सिस्टम , कभी डेटा लॉस तो कभी सिस्टम मिस बिहेवियर । वायरस किसी भी कंप्यूटर में ऐसे प्रोग्राम होते हैं जिनका उद्देश्य किसी भी computer में मौजूद इन्फोर्मेशन और डेटा को नष्ट करना होता है । किसी कंप्यूटर में वायरस इन्फेक्टेड  होने के कई कारण हो सकते हैं अतः कंप्यूटर सिस्टम को वायरस से सिक्योर कैसे करें यह सवाल मन में आता हैं । कंप्यूटर को वायरस से प्रोटेक्ट करने के लिए एंटीवायरस होता है । एंटीवायरस किसी भी सिस्टम में जरूरी होता है । एक अच्छे एंटीवायरस की विशेषता या होती हैं की यह कंप्यूटर को internet, पेन ड्राइव , यूसबी  ड्राइव आदि से आने वाले वायरस को कंप्यूटर में इंस्टाल होने से बचाता है ।  अतः यदि आप जानना चाहते हैं कि एंटीवायरस क्या है? यह किस प्रकार कार्य आज की इस पोस्ट में आपको एंटीवायरस क्या हैं , एंटीवायरस खरीदते समय किन किन फीचर्स को चेक करे आदि की जानकारी दूंगा जो प्रत्येक कंप्यूटर यूजर के लिए अत्यंत आवश्यक हैं –

एंटीवायरस क्या हैं ?

एंटीवायरस एक ऐसा प्रोग्राम है जो कंप्यूटर को स्केन करके इसमें मौजूद सभी प्रकार के वायरस को डिलीट करता हैं । इसे एन्टी मॉलवेयर  सॉफ्टवेयर भी कहा  जाता है क्योंकि यह सिस्टम में मॉलवेयर एवं स्पायवेयर आदि हार्म फुल प्रोग्राम्स डिटेक्ट करके उन्हें डिलीट करता है ।  

एंटीवायरस स्पेशली एडवेयर , स्पायवेयर , रेनसम वेयर, की-लोगर्स , बेकडोर्स, ट्रोजन हॉर्स आदि हार्म फुल प्रोग्राम से सिस्टम को सिक्योर करता हैं । वर्तमान में सोशल इंजीनियरिंग,  इन्टरनेट बैंकिंग , फिशिंग आदि से होने वाले साइबर क्राइम से यूजर्स को प्रोटेक्ट करने के उद्देश्य से भी कई सेक्टर्स में किया जा रहा है ।

एंटीवायरस के फंक्शन्स

  • बैकग्राउंड स्कैनिंग

जनरली हम सिस्टम मे बैकग्राउन्ड मे कई फाइले ओपन रखते हैं, एक एंटीवायरस प्रोग्राम उन सभी फाइलों को स्कैन करता है जो सिस्टम को हार्म फुल अटैक के साथ साथ रियल टाइम सिक्योरिटी भी प्रोवाइड करता है अतः बैकग्राउंड स्कैनिंग द्वारा एंटीवायरस सिस्टम को सिक्योर करता है ।

  • फुल सिस्टम स्कैनिंग

फुल सिस्टम स्कैनिंग स्पेशली तब यूजफुल होती है जब सिस्टम में एंटीवायरस अपडेटेड हो । एंटीवायरस से सिस्टम को स्कैन कर यह कन्फ़र्म किया जाता है कि कंप्यूटर में पहले से वायरस मौजूद है या नहीं इसके साथ ही वायरस इन्फेक्टेड   कंप्यूटर सिस्टम को सही करके , फुल सिस्टम स्कैनिंग इंपोर्टेण्ट होती है ।

  • वायरस डेफिनेशन

एंटीवायरस प्रोग्राम मॉलवेयर को आइडेंटिफिकेशन करने के लिए वायरस डेफ़िनेशन  का उपयोग करते हैं । किसी फाइल या सॉफ्टवेयर को स्कैनिंग के दौरान सिस्टम यदि किसी मॉलवेयर से इन्फ़ेक्तेड किसी फ़ाइल को सर्च करता है तो मॉलवेयर डेफ़िनेशन में वह मॉलवेयर के जैसा होता है अतः एंटीवायरस डेफ़िनेशन मॉलवेयर को रोकने के साथ ही डिलीट भी कर सकता है ।


एंटीवायरस खरीदते समय चेक करें ये फीचर्स

हमें एंटीवायरस की जानकारी होने के बावजूद हम यह तय नहीं कर पाते हैं की कौनसा एन्टीवायरस हमारे सिस्टम के लिए उपयोगी हैं ,हमे कौनसा एंटीवायरस खरीदना चाहिए क्या क्या फीचर्स उसमें होने चाहिए  तो अब मे आपको बताता हूँ उन लेटेस्ट फीचर्स के बारे में जो हर एंटीवायरस में होने चाहिए –

  • रेन्सम वेयर    : यह फीचर सिस्टम को हैकिंग से प्रोटेक्ट करता हैं ।
  • डेटा प्रोटेक्शन   : इससे पर्सनल डेटा  प्रोटेक्ट रहता हैं ।
  • एन्टी मॉल वेयर : यह सिस्टम को हार्मफुल मॉलवेयर से प्रोटेक्ट करता हैं ।
  • क्लाउड प्रोटेक्शन : यह क्लाउड बेस्ड इन्टलिजेंस टूल हैं जो पीसी को थ्रेट से प्रोटेक्ट करता हैं ।
  • ब्राउजिंग प्रोटेक्शन : यह फीचरसिस्टम को इनफेक्ट करने वाली असुरक्षित वेबसाइट्स को ब्लॉक करता हैं ।
  • फायरवॉल : इन्टरनेट के माध्यम से पीसी को अन ओथोराइज्ड एक्सेस से प्रोटेक्ट करता हैं ।
  • एडवान्स डीएनए स्कैन : सिस्टम को नए और अननोन मॉलवेयर से प्रोटेक्ट करता हैं ।
  • ईमेल प्रोटेक्शन : हार्म फुल लिंक्स और अटेचमेंट्स जो मेल के साथ हो सकते हैं , से सिस्टम को प्रोटेक्ट करता हैं ।
  • ट्रैक माय लेपटॉप : यह एक एन्टी थेफ्ट सर्विस हैं जो लेपटोप के चोरी हो जाने पर उसे ट्रैक कर सकता हैं ।   

Begin typing your search above and press enter to search. Press ESC to cancel.

Back To Top